Delhi Winter Session 2nd Day: सोमवार को सत्र की शुरुआत से ही सदन में तीखी नोकझोंक देखने को मिली, वहीं सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को भी हालात नहीं बदले। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की शुरुआत आवारा कुत्तों की गिनती को लेकर हुए विवाद से हुई, जिस पर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गए।
भाजपा विधायक अजय महावर ने इस मुद्दे को उठाते हुए आम आदमी पार्टी पर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भ्रामक बयान दिए हैं और उन्हें इसके लिए दिल्ली की जनता से सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। बढ़ते शोर-शराबे और हंगामे के चलते विधानसभा अध्यक्ष को कार्यवाही 30 मिनट के लिए स्थगित करनी पड़ी।
कार्यवाही दोबारा शुरू होने के बाद भी सदन में शांति नहीं बनी और फिर से नारेबाजी शुरू हो गई। हालात को देखते हुए अध्यक्ष ने सदन की बैठक को दोपहर एक बजे तक के लिए स्थगित कर दिया।
शिक्षा मंत्री ने केजरीवाल को लिखा पत्र
इस पूरे विवाद के बीच दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने अरविंद केजरीवाल को पत्र लिखकर उनके बयान पर कड़ा ऐतराज जताया। मंत्री ने आरोप लगाया कि केजरीवाल ने शिक्षकों को आवारा कुत्तों की गिनती से जुड़ी ड्यूटी देने का दावा कर भ्रम फैलाया है। पत्र में कहा गया है कि ऐसे बयान न केवल तथ्यहीन हैं, बल्कि शिक्षकों की छवि को भी नुकसान पहुंचाते हैं। आशीष सूद ने मांग की कि केजरीवाल इस बयान के लिए सार्वजनिक रूप से माफी मांगें।
सोमवार को भी विधानसभा में हुआ था बवाल
इससे पहले सोमवार को प्रदूषण के मुद्दे को लेकर आम आदमी पार्टी और सत्तापक्ष के बीच तीखा टकराव देखने को मिला था। मास्क पहनकर सदन पहुंचे आप विधायकों ने नारेबाजी शुरू कर दी, जिससे उपराज्यपाल का अभिभाषण बाधित हुआ। इस पर विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने सख्त रुख अपनाते हुए चार विधायकों को मार्शल आउट कर दिया और तीन दिनों के लिए निलंबित कर दिया।
निलंबन के विरोध में आम आदमी पार्टी के विधायकों ने सदन का बहिष्कार किया और विधानसभा परिसर में महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
