Breaking News
अहमदाबाद टी20 फाइनल के लिए रेलवे की स्पेशल ट्रेन, नई दिल्ली से आज रात होगी रवाना
अहमदाबाद टी20 फाइनल के लिए रेलवे की स्पेशल ट्रेन, नई दिल्ली से आज रात होगी रवाना
शानदार टीमवर्क से जीता दिल, विक्रम-अजिंक्य ने अपने नाम की मास्टरशेफ इंडिया की ट्रॉफी
शानदार टीमवर्क से जीता दिल, विक्रम-अजिंक्य ने अपने नाम की मास्टरशेफ इंडिया की ट्रॉफी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
छत्रपति हत्याकांड में डेरा प्रमुख को हाईकोर्ट से राहत, तीन दोषियों की उम्रकैद बरकरार
छत्रपति हत्याकांड में डेरा प्रमुख को हाईकोर्ट से राहत, तीन दोषियों की उम्रकैद बरकरार
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
चारधाम यात्रा के लिए सरकार पूरी तरह से तैयार- महाराज
चारधाम यात्रा के लिए सरकार पूरी तरह से तैयार- महाराज
टिहरी झील बनेगी विश्व में पर्यटन-खेल का प्रमुख केंद्र- सीएम
टिहरी झील बनेगी विश्व में पर्यटन-खेल का प्रमुख केंद्र- सीएम
घर से ही शुरू होगा महिला सशक्तिकरण- रेखा आर्या
घर से ही शुरू होगा महिला सशक्तिकरण- रेखा आर्या

चार चाँद लगाने आ रहा सुपरमून चार को, जानिए कब होगा चादं सबसे चमकीला

चार चाँद लगाने आ रहा सुपरमून चार को, जानिए कब होगा चादं सबसे चमकीला

Supermoon in India: चार नवंबर की रात आसमान एक दुर्लभ खगोलीय नज़ारे का गवाह बनेगा। इस दिन चांद अपने पूरे शबाब पर होगा, साल का सबसे बड़ा और सबसे चमकीला सुपरमून नज़र आने वाला है। इसकी रौशनी इतनी तेज़ होगी कि धरती पर हल्की परछाइयां तक दिखाई देंगी। यह दृश्य न सिर्फ रोमांचक होगा, बल्कि 2025 के आखिरी महीनों में आने वाले तीन लगातार सुपरमून में से दूसरा भी होगा।

बेहद चमकीला होगा चाँद चार का 

चार नवंबर की रात को जब चांद क्षितिज पर उदय होगा, तो वह सामान्य पूर्णिमा की तुलना में करीब 7% बड़ा और 16% अधिक चमकीला दिखाई देगा। वैज्ञानिक रूप से यह घटना तब घटती है जब चंद्रमा अपनी पूर्ण कला (पूर्णिमा) पर होता है और पृथ्वी के चारों ओर अपनी अण्डाकार कक्षा के सबसे नज़दीकी बिंदु (पेरिजी) पर पहुंचता है। इसी कारण इसे ‘पेरिजी फुल मून’ या आम बोलचाल में ‘सुपरमून’ कहा जाता है।

बीवर मून’ का दिलचस्प इतिहास

नवंबर के इस सुपरमून को ‘बीवर मून’ भी कहा जाता है। इसका नाम उत्तरी अमेरिका की प्राचीन जनजातियों की परंपरा से जुड़ा है, जब सर्दियों से पहले बीवर (जलचूहे) अपनी मांदें बनाते थे और शिकारी बर्फ जमने से पहले जाल बिछाते थे। माना जाता है कि इस समय का चांद सर्दियों की शुरुआत का संकेत देता है।

तारों के बीच चमकेगा चांद

यह सुपरमून वृषभ (Taurus) तारामंडल में रहेगा, जिसकी तेज़ रौशनी आसपास के तारों को फीका कर देगी। हालांकि, दूरबीन से देखने पर एल्डेबारन नाम का नारंगी-लाल तारा नज़र आएगा, जो “बैल की आंख” कहलाता है। इसके पास ही प्लीएड्स (सप्तऋषि जैसा सात तारों का समूह) दिखाई देगा। ये तीनों मिलकर एक सुंदर त्रिकोण बनाते हैं, जो पूरी रात आसमान को सजाए रखेगा।

कैसे देखें यह खगोलीय नज़ारा

इस अद्भुत दृश्य को देखने के लिए किसी विशेष उपकरण की आवश्यकता नहीं, नग्न आंखों से देखना ही पर्याप्त है। हालांकि, इसका सबसे आकर्षक पल वह होता है जब चांद पूर्वी क्षितिज से ऊपर उठता है। उस वक्त “मून इल्यूजन” नामक भ्रम के कारण यह सामान्य से कहीं बड़ा और ज्यादा नज़दीक प्रतीत होता है। चांद अपनी पूर्ण कला पर 5 नवंबर शाम 6:49 बजे (भारतीय समयानुसार) पहुंचेगा, लेकिन इसका सबसे जादुई दृश्य चार नवंबर की रात को ही दिखाई देगा।

Back To Top