मसूरी- तिब्बती धर्मगुरु दलाई लामा का 90वां जन्मदिवस हर्षाेल्लास और श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस विशेष अवसर पर स्थानीय तिब्बती समुदाय द्वारा एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें पारंपरिक सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ, केक काटने का समारोह और पर्यावरण संरक्षण के प्रति संकल्प शामिल थे। कार्यक्रम की शुरुआत दलाई लामा के जीवन परिचय और उनके विश्व शांति, करुणा और अहिंसा के संदेश को साझा करते हुए हुई। वक्ताओं ने उनके संघर्षमय जीवन, निर्वासन के पश्चात भारत में उनके योगदान तथा वैश्विक स्तर पर उनके आध्यात्मिक नेतृत्व की सराहना की।
इस अवसर पर तिब्बती बच्चों और युवाओं द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए, जिनमें पारंपरिक नृत्य, भजन और तिब्बती संगीत शामिल था। इस आयोजन में पर्यावरण संरक्षण पर भी विशेष बल दिया गया। सभी उपस्थितों ने पार्यावरण संरक्षण और सतत विकास की दिशा में कार्य करने का संकल्प लिया, जो दलाई लामा के प्रकृति और जीवन के प्रति संतुलित दृष्टिकोण को दर्शाता है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में तिब्बती समुदाय के लोग, स्थानीय निवासी और पर्यटक शामिल हुए। आयोजकों ने बताया कि यह उत्सव न केवल दलाई लामा के जन्मदिन का स्मरण था, बल्कि यह उनके विचारों और शिक्षाओं को अपनाने का भी अवसर बना।
