देहरादून- मसूरी में मूसलाधार बारिश के कारण त्रासदी का केंद्र बनती जा रही हैं। बीते कुछ दिनों से रुक-रुक कर हो रही झमाझम बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह से प्रभावित कर दिया है। सड़कों पर मलबा, गिरे हुए पेड़ और जगह-जगह भूस्खलन से लोग सहमे हुए हैं।
सबसे ज्यादा खतरनाक स्थिति बाराह कैंची मार्ग स्थित मलिन बस्ती में देखने को मिल रही है। इस बस्ती में कुछ मकान भूस्खलन के कारण खतरे की जद में आ गए हैं। जानकारी के मुताबिक, एक मकान का पुश्ता पूरी तरह ढह गया, जिससे उसका ढांचा असुरक्षित हो गया है। इसके अलावा दो अन्य मकानों में भी गंभीर दरारें आ चुकी हैं, जिससे कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
जैसे ही प्रशासन को घटना की सूचना मिलते ही भारी बारिष के बीच अधिषासी अधिकारी तनवीर मारवाह के नेतृत्व में नगर पालिका परिषद और स्थानीय प्रष्षसन की मौके पर पहुँची। स्थिति का जायज़ा लेने के बाद प्रभावित मकानों को तत्काल खाली करवाया गया और वहां रह रहे गरीब व जरूरतमंद परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट कर दिया गया।
अधिषासी अधिकारी तनवीर मारवाह ने बताया कि लगातार हो रही बारिश के कारण बाराह कैंची की मलिन बस्ती में एक मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुका है, जबकि अन्य मकानों में भी दरारें पाई गई हैं। स्थिति बेहद संवेदनशील है। प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया है और उन्हें प्रशासन की ओर से हरसंभव सहायता मुहैया कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रभावितों को आपदा प्रबंधन नियमों के तहत राहत राशि और अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
स्थानीय निवासी देवकी देवी ने बताया कि हर साल बारिश होती है, लेकिन इस बार हालात बेकाबू हैं। रातभर नींद नहीं आती, डर लगता है कि कहीं मकान ही न टूट जाए।
मौसम विभाग ने अगले 48 घंटे और भारी बारिश की चेतावनी दी है।प्रशासन ने भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में अलर्ट जारी कर दिया है और संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है।
