Breaking News
अहमदाबाद टी20 फाइनल के लिए रेलवे की स्पेशल ट्रेन, नई दिल्ली से आज रात होगी रवाना
अहमदाबाद टी20 फाइनल के लिए रेलवे की स्पेशल ट्रेन, नई दिल्ली से आज रात होगी रवाना
शानदार टीमवर्क से जीता दिल, विक्रम-अजिंक्य ने अपने नाम की मास्टरशेफ इंडिया की ट्रॉफी
शानदार टीमवर्क से जीता दिल, विक्रम-अजिंक्य ने अपने नाम की मास्टरशेफ इंडिया की ट्रॉफी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
छत्रपति हत्याकांड में डेरा प्रमुख को हाईकोर्ट से राहत, तीन दोषियों की उम्रकैद बरकरार
छत्रपति हत्याकांड में डेरा प्रमुख को हाईकोर्ट से राहत, तीन दोषियों की उम्रकैद बरकरार
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
चारधाम यात्रा के लिए सरकार पूरी तरह से तैयार- महाराज
चारधाम यात्रा के लिए सरकार पूरी तरह से तैयार- महाराज
टिहरी झील बनेगी विश्व में पर्यटन-खेल का प्रमुख केंद्र- सीएम
टिहरी झील बनेगी विश्व में पर्यटन-खेल का प्रमुख केंद्र- सीएम
घर से ही शुरू होगा महिला सशक्तिकरण- रेखा आर्या
घर से ही शुरू होगा महिला सशक्तिकरण- रेखा आर्या

फर्जी आईपीएस बनकर नौकरी का झांसा, आठ लोगों से डेढ़ करोड़ की ठगी

फर्जी आईपीएस बनकर नौकरी का झांसा, आठ लोगों से डेढ़ करोड़ की ठगी

साहिबाबाद –  सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर बड़े पैमाने पर ठगी का मामला उजागर हुआ है। खुद को वरिष्ठ पुलिस अधिकारी से जुड़ा बताकर एक संगठित गिरोह ने आठ अभ्यर्थियों से करीब डेढ़ करोड़ रुपये ऐंठ लिए। आरोप है कि आरोपियों ने फर्जी नियुक्ति पत्र और नकली पहचान पत्र दिखाकर भरोसा जीता और बाद में रकम हड़प ली।

राजेंद्र नगर निवासी एक सरकारी स्कूल कर्मचारी ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वर्ष 2022 में कुछ लोग उनके संपर्क में आए और सरकारी विभागों में नियुक्ति दिलाने का दावा किया। उन्होंने खुद को प्रभावशाली अधिकारियों से जुड़ा बताया और कहा कि उच्च स्तर पर उनकी पहुंच है। भरोसा दिलाने के लिए कथित तौर पर नकली आईडी कार्ड और दस्तावेज भी दिखाए गए।

पीड़ितों को अलग-अलग स्थानों पर बुलाकर उनसे मोटी रकम की मांग की गई। शुरुआत में लाखों रुपये लिए गए और बाद में और रकम देने का दबाव बनाया गया। युवाओं को सरकारी कार्यालय जैसा माहौल दिखाकर दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करवाए गए और फर्जी नियुक्ति पत्र थमा दिए गए। जब अभ्यर्थी जॉइनिंग के लिए संबंधित विभाग पहुंचे तो दस्तावेज फर्जी निकले और ठगी का खुलासा हुआ।

पीड़ितों का आरोप है कि रकम वापस मांगने पर उन्हें झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने धोखाधड़ी, जालसाजी और आपराधिक साजिश की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। जांच के लिए विशेष टीम गठित की गई है और आरोपियों की तलाश की जा रही है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती जांच में यह संगठित गिरोह प्रतीत हो रहा है, जो लंबे समय से नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों को निशाना बना रहा था। अधिकारियों ने युवाओं से अपील की है कि सरकारी नौकरी के नाम पर किसी भी अनजान व्यक्ति को रकम न दें और किसी भी संदिग्ध प्रस्ताव की सूचना तुरंत पुलिस को दें।

Back To Top