किडनी में पथरी यानी किडनी स्टोन की समस्या आजकल तेजी से बढ़ती जा रही है। यह दिक्कत अब केवल बुजुर्गों तक सीमित नहीं रही, बल्कि युवाओं और बच्चों में भी इसके मामले सामने आ रहे हैं। डॉक्टरों के अनुसार गलत खान-पान, कम पानी पीना और अनियमित जीवनशैली इसके प्रमुख कारण माने जाते हैं।
विशेषज्ञ बताते हैं कि किडनी स्टोन तब बनता है जब शरीर में कैल्शियम, ऑक्सलेट और यूरिक एसिड जैसे खनिज अधिक मात्रा में जमा हो जाते हैं। समय के साथ ये छोटे-छोटे कण मिलकर कठोर पथरी का रूप ले लेते हैं। शुरुआत में कई बार इसके स्पष्ट लक्षण दिखाई नहीं देते, लेकिन धीरे-धीरे यह तेज दर्द, पेशाब में जलन और बार-बार पेशाब आने जैसी परेशानियां पैदा कर सकता है।
डॉक्टरों का कहना है कि कई लोग पेट दर्द समझकर इसे नजरअंदाज कर देते हैं, जिससे समस्या बढ़ जाती है। जब पथरी का आकार बड़ा हो जाता है, तब इसका पता चलता है और इलाज मुश्किल हो सकता है। इसलिए समय पर जांच और उपचार बहुत जरूरी माना जाता है।
अगर किडनी स्टोन लंबे समय तक शरीर में बना रहे तो यह किडनी और मूत्राशय के बीच की नलिका में फंस सकता है। इससे पेशाब का रास्ता ब्लॉक हो सकता है, जिसके कारण तेज दर्द और संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। कुछ मामलों में संक्रमण गंभीर रूप ले सकता है और किडनी को नुकसान पहुंचा सकता है।
विशेषज्ञों के मुताबिक छोटे स्टोन कई बार दवाओं और अधिक पानी पीने से बाहर निकल जाते हैं, लेकिन बड़े स्टोन को निकालने के लिए सर्जरी की जरूरत पड़ सकती है। इसलिए लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है ताकि किडनी को होने वाले नुकसान से बचा जा सके।
